पुलिस ने तिहरे हत्याकाण्ड का किया खुलासा, तीन गिरफ्तार

                                                                 
                                                             
-पुलिस अधीक्षक ने किया राजफाश, एडीजी ने की पुलिस टीम की सराहना

सीतापुर। पुलिस लाइन के सभागार में आयोजित पे्रसवार्ता में पुलिस अधीक्षक आनंद कुलकर्णी ने कई रहस्यमयी खुलासे किये। पुलिस अधीक्षक आनंद कुलकर्णी ने ट्रिपल मर्डर की पूरी स्क्रिप्ट का राजफाश करते हुए बताया कि 14 जनवरी को जब हरगांव थाना क्षेत्र में नहर के किनारें दो बच्चियों के शव मिल थे। जिसके खुलासे के लिए अपर पुलिस अधीक्षक उत्तरी मधुवन सिंह एवं सीओ सदर अंकित कुमार तथा सीओ शहर योगेन्द्र सिंह सहित हरगांव, खैराबाद तथा स्वाट टीम का गठन किया गया था।

 यह टीम सुरागकशी एवं पतारसी कर रही थी। इसी बीच संदिग्ध आरोपी नवीन कुमार गुप्ता पुत्र विजय कुमार गुप्ता निवासी आवास विकास कालोनी शहर कोतवाली को गिरफ्तार कर उससे जानकारी ली गयी तो सारे रहस्य का पर्दा धीरे धीरे उठने लगा। बकौल पुलिस अधीक्षक आरोपी नवीन कुमार गुप्ता का आना जाना मृतका विभा उर्फ रेनू पाण्डेय के घर लगातार रहता था। यही नहीं आरोपी नवीन के द्वारा विभा के परिवार व बच्चों का खर्चा भी वहन किया जाता था। एसपी का यह भी कहना है कि इसी बीच विभा का लगाव नवीन गुप्ता से हटते हुए अन्य लोगों के प्रति बढ़ गया। जो कि आरोपी नवीन को नागवार गुजरा।

 बताया जाता है कि नवीन गुप्ता इस बीच आर्थिक तंगी से जूझने लगा था। वहीं विभा का अलगाव होना उसे बुरा लगा। नवीन ने एक ऐसी स्क्रिप्ट तैयार की जिसमें मां के साथ उसके दो बच्चे भी मौत के आगोश में चले गये। एसपी आनंद कुलकर्णी की माने तो आरोपी नवीन गुप्ता ने अपने साथी दिलीप शर्मा पुत्र ओमप्रकाश शर्मा निवासी भवनपुर एवं राहुल पुत्र लल्लूराम लोध निवासी आनंद नगर व मुकेश पुत्र स्वामी दयाल लोध निवासी रमपुरवा शहर कोतवाली और जुबेर पुत्र इम्तियाज निवासी महमूूदपुर तथा पंकज पुत्र विशुन कुमार रैदास निवासी गनेशपुरवा थाना खैराबाद के साथ योजना बनाई और 12 जनवरी 2018 को विभा व उसकी बेटी आराध्या व आरना के साथ नैपालापुर चैराहे पर स्थित शर्मा मोबाइल शाप पहुंचा।

 यहां पर उपरोक्त अभियुक्तों ने सीपीयू के केबल व प्लास्टिक की रस्सी से विभा व उसकी दोनों बेटियों की गला कसकर हत्या कर दी। इसके बाद तीनों शवो को जाइलो गाडी के माध्यम से अलग अलग स्थानों पर फेंक दिया। एसपी ने बताया कि इस वारदात का खुलासा करने वाली टीम को अपर पुलिस महानिदेशक लखनऊ जोन अभय कुमार प्रसाद एवं पुलिस महानिरीक्षक लखनऊ परिक्षेत्र जय नारायण सिंह के द्वारा पुरस्कृत किये जाने की बात कही गयी है तथा उनके द्वारा टीम को 25 हजार का नकद पुरस्कार दिया जायेगा।

Comments